अरुणोदय प्रकल्प में डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर हिंदी प्राथमिक स्कूल अव्वल, तीन लाख रुपये का प्रथम पुरस्कार प्राप्त .!
बल्लारपुर (का.प्र.) : नगर परिषद बल्लारपुर द्वारा संचालित प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों की गुणवत्ता सुधारने के उद्देश्य से शुरू किए गए “अरुणोदय प्रकल्प 2025-2026” के अंतर्गत डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर हिंदी प्राथमिक स्कूल ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान हासिल किया है। विद्यालय को तीन लाख रुपये का नगद पुरस्कार, प्रमाणपत्र तथा सम्मानचिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया।
गौरतलब है कि नगर परिषद बल्लारपुर के अंतर्गत आने वाले 13 प्राथमिक स्कूलों एवं 1 हाईस्कूल में दिसंबर 2024 से इस प्रकल्प की शुरुआत की गई थी। अप्रैल 2026 में त्रि-सदस्यीय समिति द्वारा सभी विद्यालयों का विस्तृत मूल्यांकन किया गया। इस मूल्यांकन में विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति, पाठ्यक्रम गतिविधियां, शारीरिक शिक्षा, आनंददायी शनिवार, विद्यालय परिसर की स्वच्छता, परसबाग (स्कूल गार्डन), खेलकूद, डिजिटल क्लासरूम, सांस्कृतिक कार्यक्रमों में सहभाग तथा राष्ट्रीय कार्यक्रमों में भागीदारी जैसे विभिन्न मापदंडों को शामिल किया गया था।
इन सभी पहलुओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर हिंदी प्राथमिक शाला ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन राजे खांडक्या बल्लाळशाह नाट्यगृह, बल्लारपुर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता नगराध्यक्ष मा. श्रीमती अलका ताई वाढई ने की। इस अवसर पर मुख्याधिकारी श्री विशाल वाघ, उपाध्यक्ष श्री देवेंद्र आर्य, शिक्षण विभाग की सभापति कु. प्रियंका थूल, प्रकल्प प्रभारी एवं उपमुख्याधिकारी तथा प्रशासन अधिकारी श्री रविंद्र भंडारवार, माजी मुख्याध्यापक श्री नागेश नीत, पर्यावरण वाहिनी के अध्यक्ष श्री शरीफ सहित नगर परिषद के सभी नगरसेवक एवं नगरसेविकाएं प्रमुख रूप से उपस्थित थे।
मान्यवरों के हस्ते विद्यालय के मुख्याध्यापक श्री रामप्रकाश केशकर तथा समस्त स्टाफ को तीन लाख रुपये का धनादेश, प्रमाणपत्र एवं सम्मानचिन्ह देकर गौरवान्वित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक, नगर परिषद के कर्मचारी, “स्टूडेंट ऑफ द ईयर” छात्र तथा उनके पालक भी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर हिंदी प्राथमिक स्कूल ने इससे पूर्व भी स्वच्छता अभियान तथा “मुख्यमंत्री माझी शाला सुंदर शाला” योजना के अंतर्गत क्रमशः 11 हजार, 1 लाख एवं 2 लाख रुपये के पुरस्कार प्राप्त कर अपनी उत्कृष्टता का परिचय दिया है।
इस उपलब्धि से विद्यालय परिवार में हर्ष का वातावरण है तथा क्षेत्र में शिक्षा के स्तर को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
